घड़ी के विज्ञापन में समय 10:10 ही क्यों होता है?

चाहे वो रोलेक्स हो या टाइटन घड़ी के विज्ञापन में हमेशा समय 10:10 ही होता है पर क्या कभी आपने सोचा है घड़ी के विज्ञापन में हमेशा समय 10:10 ही क्यो होता है? यह कोई संयोग नहीं है इसके पीछे भी एक बहुत ही रोचक कारण है। तो चलिए आज आपको इसी बारे में बताते है और जानते हैं इसके पीछे की असली वजह क्या है।

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अगर देखा जाए तो इस समय घड़ी की सूइयां जिस आकार में होती है वो हंसने की आकृति बनाती है जो एक बहुत ही सकारात्मक चिन्ह होता है। इससे पहले विज्ञापनों में 8:10 का समय इस्तेमाल किया जाता था मगर इस समय से जो आकृति बनती थी उसका मनोवैज्ञानिक असर गलत पड़ता था।

कई कारणों में से एक कारण यह भी है की यह समय प्रथम दृष्टि में दिख जाता है ज़्यादा ध्यान से देखने की आवश्यकता ही नहीं पड़ती है। इस समय की वजह से ब्रांड नाम और घड़ी की अन्य विशेषतायें भी आसानी से दिख जाती है।

एक और बात ध्यान देने योग्य है की इस समय के दौरान सेकंड वाले कांटे को 35 सेकंड पर रोक दिया जाता है। इसको इस तरह भी माना जाता है की यह आकृति V आकार बनाती है जिसे जीत का आकार भी माना जाता है।

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