Dunning-Kruger effect क्या है?

नवम्बर 29, 2018

Dunning-Kruger effect cognitive bias (संज्ञानात्मक पक्षपात) का एक प्रकार है जिसमें लोगों को लगने लगता है कि वो अपनी क्षमता से कहीं ज्यादा समर्थ और स्मार्ट हैं। ऐसे लोगों में सेल्फ अवेयरनेस बहुत ही कम होती है और उनकी संज्ञानात्मक क्षमता भी कम होती है जिसके कारण वो अपनी वास्तविक क्षमताओं का अंदाज़ा नहीं लगा पाते हैं। इस इफेक्ट का नाम दो सोशल सायकोलॉजिस्ट्स David Dunning और Justin Kruger के नाम पर Dunning-Kruger effect रखा गया है।

इस इफेक्ट से ग्रस्त अक्षम लोग-

इस इफेक्ट से सभी लोग ग्रस्त होते हैं क्योंकि किसी एक क्षेत्र में पारंगत व्यक्ति किसी और क्षेत्र से अनभिज्ञ होता है। ऐसे में हर व्यक्ति Dunning-Kruger effect के प्रभाव में कभी ना कभी जरूर आता है।

Dunning-Kruger effect से बचाव का तरीका-

सीखिए और अभ्यास करते रहिये – अगर आप इस effect से बाहर निकलना चाहते हैं तो इसका सबसे अच्छा तरीका है सीखते रहना और उसकी प्रैक्टिस करते रहना। उदाहरण के तौर पर, ये सोचने की बजाये कि आपको किसी सब्जेक्ट की पूरी नॉलेज है, बेहतर होगा कि उस सब्जेक्ट के बारे में ज्यादा से ज्यादा जानकारी ली जाए, उसे सीखा जाए और उसका अभ्यास किया जाये। ऐसा करने पर आप समझ जाएंगे कि अभी बहुत कुछ सीखना बाकी है और आपकी ये सोच ही आपको ओवरस्मार्ट बनने से रोक सकेगी।

अपने बारे में दूसरों से राय लीजिये अपनी क्षमताओं के बारे में ग़लत आकलन करने से बेहतर होगा कि आप अपनी स्किल्स के बारे में दूसरों से फीडबैक लें। ऐसा करके आपको अपनी स्किल्स का सही अनुमान लग सकेगा और आप इस इफेक्ट के प्रभाव से बाहर आ सकेंगे।

Dunning-Kruger effect व्यक्ति के व्यवहार और निर्णयों को भी प्रभावित कर सकता है इसलिए जितना जल्दी हो सके, इसके प्रभाव को दूर करने के लिए प्रयास किये जाने चाहिए और जहाँ जरुरत हों वहां दूसरों की मदद लेने में भी झिझकना नहीं चाहिए।

“आँख का वजन कितना होता है?”

अगर आप हिन्दी भाषा से प्रेम करते हैं और ये जानकारी आपको ज्ञानवर्धक लगी तो जरूर शेयर करें।
शेयर करें