हीमोग्लोबिन कम होने के कारण और लक्षण

सितम्बर 28, 2017

हेमॉग्लोबिन हमारे शरीर की रक्त कोशिकाओं मे मौजूद एक लौह युक्त प्रोटीन है। हेमॉग्लोबिन हमारे शरीर मे ऑक्सिजन के प्रवाह को संतुलित करता है। जब खून में रेड ब्लड सेल्स या हीमोग्लोबिन की मात्रा सामान्य से कम हो जाती है तो व्यक्ति के शरीर में खून की कमी हो जाती है जिसे एनीमिया कहते हैं। माना जाता है कि पुरुषों में हीमोग्लोबिन का लेवल 13.5 ग्राम/100 मिली. से कम होने पर और स्त्रियों के शरीर में 12.0 ग्राम/100 मिली. से कम होने पर उनके शरीर में खून की कमी हो जाती है जिससे उन्हें कई बीमारियां पकड़ने लगती हैं। आमतौर पर हीमोग्लोबिन कम होने पर जरूरी नहीं है कि आपको कोई बीमारी ही हो। गर्भवती महिलाओं में आमतौर पर सामान्य से कम हीमोग्लोबिन पाया जाता है।

आजकल की भागदौड़ की जिंदगी में उचित खान-पान पर ध्यान न देना और किसी भी वक्त कुछ भी खा लेने की आदत से शरीर में कुछ पोषक तत्वों की कमी हो जाती है जिसकी वजह से रेड ब्लड सेल्स नष्ट होने लगती हैं और शरीर में खून की कमी हो जाती है।

हीमोग्लोबिन कम होने के कारण – शरीर में हीमोग्लोबिन और रेड ब्लड सेल्स की मात्रा कम होने के कई कारण होते हैं।

इसके अलावा हृदय संबंधी बीमारियां, महिलाओं में पीरियड्स के दौरान अधिक ब्लीडिंग, कैंसर, पेट से संबंधित बीमारियां, शरीर में फोलिक एसिड की कमी और विटामिन बी12 की कमी के कारण भी शरीर में हीमोग्लोबिन कम होने लगता है और खून की कमी हो जाती है।

व्यक्ति के शरीर में रेड ब्लड सेल्स या हीमोग्लोबिन की संख्या घटने पर कई बीमारियां पकड़ने लगती है। इसके अलावा हीमोग्लोबिन कम होने पर शरीर में कई तरह के लक्षण दिखने लगते हैं।

हीमोग्लोबिन कम होने के लक्षण-

खानपान में इन पोषक तत्वों को शामिल करके हीमोग्लोबिन की कमी से छुटकारा पाया जा सकता है-

चुकंदर- चुकंदर में पर्याप्त मात्रा में आयरन, विटामिन, सल्फर, पोटैशियम और कैल्शियम पाया जाता है। चुकंदर खाने से शरीर को पोषण मिलता है यह शरीर में आक्सीजन की अच्छी तरह से सप्लाई करता है जिससे शरीर में रेड ब्लड सेल्स की संख्या बढ़ती है और हीमोग्लोबिन की कमी नहीं होती है।

पालक- पालक में भरपूर मात्रा में आयरन होता है जो शरीर में खून की कमी नहीं होने देता। इसके अलावा इसमें विटामिन बी12, फोलिक एसिड और कई पोषक तत्व पाये जाते हैं। जो रेड ब्लड सेल्स की संख्या बढ़ाते हैं।

अनार- अनार में मैग्नीशियम और कैल्शियम के अलावा विटामिन सी भी पाया जाता है। यह शरीर में आयरन को अवशोषित करने में मदद करता है। अनार खाने से शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं और हीमोग्लोबिन की संख्या बढ़ जाती है और खून की कमी नहीं होती है।

खजूर- खजूर में विटामिन सी और आयरन पाया जाता है जो शरीर में खून की कमी नहीं होने देता है।

इसके अलावा सेब, पपीता, बादाम, अंजीर, जामुन, आँवला, हरी पत्तेदार सब्जियाँ, गुड़ आदि के सेवन से भी हीमोग्लोबिन का स्तर बढ़ता है।

चाय और कॉफी का सेवन कम करे क्यूंकी ये शरीर मे आयरन के अवशोषित करने की क्षमता को प्रभावित करते हैं। भोजन मे आयरन से भरपूर खाद्य पदार्थ सम्मिलित करे। साथ ही विटामिन सी से युक्त पदार्थ खाने मे ले क्यूंकी ये आयरन अवशोषित करने की क्षमता को बढ़ाते है।

शरीर मे हीमोग्लोबिन का स्तर ज़्यादा होने से भी समस्या हो सकती है इसलिए समय समय पर अपने चिकित्सक की सलाह से अपने हीमोग्लोबिन के स्तर की जाँच करवाए और स्वस्थ रहे।

हमने सिर्फ ज्ञानवर्धक जानकारी साझा की है। किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर ले। सदैव खुश रहे और स्वस्थ रहे।

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