भारत के 5 सबसे बड़े चोर बाजार

3358

बड़े ब्रांड वाली चीज़ें खरीदना किसे पसंद नहीं होता लेकिन ब्रांडेड चीज़ों के दाम भी काफी महंगे होते हैं जिन्हे खरीदना हर किसी के बस की बात नहीं होती। वहीँ अगर यह चीज़ें सस्ती कीमतों पर मिल जाए तो कौन नहीं खरीदना चाहेगा। लेकिन बड़े ब्रांड वाली दुकानों पर यह चीजें सस्ती कीमतों पर खरीदना मुमकिन नहीं है और ऐसे में देश के कई बड़े शहरों में सबसे बड़े चोर बाजार चलाये जाते हैं जहां आप को कपड़ों से लेकर कई कीमती सामान बेहद सस्ती कीमतों पर मिल जाएंगे। आइए आज आपको बताते हैं भारत के सबसे बड़े चोर बाजारों के बारे में जो काफी प्रसिद्द हैं।

1. मुंबई का चोर बाजार

दक्षिण मुंबई के मटन स्ट्रीट मोहम्मद अली रोड के पास एक बड़ा चोर बाजार लगता है। बताया जाता है मुंबई का यह चोर बाजार करीब 150 साल पुराना है। चोर बाजार होने के बावजूद भी यह अन्य मार्केटों की तरह सुबह 11:00 बजे से शाम 7:30 बजे तक हर रोज नियमित रूप से खुलता है। पहले के समय में इस मार्केट में दुकानदार तेज आवाज लगाते हुए अपने सामान बेचा करते थे और इसी कारण इस बाजार को उस समय शोर बाजार कहा जाता था लेकिन अंग्रेजों को शोर पसंद नहीं था इसलिए उन्होंने यहाँ तेज आवाज कर सामान बेचने पर रोक लगा दी और उसके बाद इसका नाम चोर बाजार रख दिया गया।

मुंबई के चोर बाजार में आपको सेकंड हैंड कपड़े, ऑटोमोबाइल पार्ट्स, फोन, इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स, खिलौने और चुराए हुए कई ब्रांडेड सामान सस्ती कीमतों पर मिल सकते हैं। यह चोर बाजार एक घटना में सबसे ज्यादा प्रसिद्ध हुआ था जब क्वीन विक्टोरिया मुंबई यात्रा करने आई थी और जब उनका सामान शिप में रखा जा रहा था तो इनका सामान वहां से चोरी हो गया जो बाद में मुंबई चोर बाजार में पाया गया।

2. दिल्ली का चोर बाजार

देश की राजधानी दिल्ली का चोर बाजार भारत का सबसे पुराना और बड़ा चोर बाजार माना जाता है। पहले के समय यह चोर बाजार लाल किले के पीछे लगाया जाता था और उस समय इसका नाम संडे मार्केट था लेकिन वर्तमान में यह चोर बाजार दरियागंज में जामा मस्जिद के पास लगाया जाता है। दिल्ली का चोर बाजार काफी प्रसिद्ध है और कहा जाता है यहां काम आने वाले हर जरूरत के छोटे बड़े सामान किफायती कीमतों पर उपलब्ध हैं, इसी कारण इसे कबाड़ी बाजार भी बोला जाता है। यह चोर बाजार भी एक घटना के लिए काफी प्रसिद्ध हुआ था जब एक आदमी इस बाजार में अपनी गाड़ी पार्क कर इस बाजार में गया और अंदर वह अपने ही गाड़ी के पार्ट्स खरीदने के लिए मोल भाव करता रहा।

3. मेरठ का चोर बाजार

कहा जाता है मेरठ का सोतीगंज मार्केट एशिया का सबसे बड़ा स्क्रैप मार्केट है। मेरठ का यह बाजार नियमित रूप से प्रतिदिन सुबह 9:00 बजे से शाम के 6:00 बजे तक खोला जाता है। कहा जाता है यहां हर तरह की चोरी की गाड़ियां और स्पेयर पार्ट्स उपलब्ध हो जाते हैं। यहां आपको सभी तरह के गाड़ियों के स्पेयर पार्ट्स इसलिए मिल जाते हैं क्योंकि यहां काफी बड़ी संख्या में चोरी की गाड़ियां, पुरानी गाड़ियां और एक्सीडेंट हुई गाड़ियां आती हैं जिनके स्पेयर पार्ट्स यहां सस्ती कीमतों पर बेचे जाते हैं।

मेरठ के इस चोर बाजार में आपको पुरानी से पुरानी गाड़ियों के स्पेयर पार्ट्स आसानी से उपलब्ध हो जाएंगे। कहा जाता है कि इस मार्केट में दूसरे विश्व युद्ध की विलीज जीप के टायर भी उपलब्ध है। आप इसी बात से अंदाजा लगा सकते हैं कि यह मार्केट कितना बड़ा मार्केट है और इसी कारण इसे चोरी की गाड़ियों और स्पेयर पार्ट्स का गढ़ भी कहा जाता है।

4. बेंगलुरु का चोर बाजार

बेंगलुरु का चिकपेटे मार्केट बीवीके अयंगर रोड पर एवेन्यू रोड के पास लगाया जाता है। यह चोर बाजार सिर्फ रविवार को ही लगता है। हालांकि यह चोर बाजार बाकी चोर बाजारों के मुकाबले थोड़ा कम प्रसिद्द है लेकिन फिर भी यहां सेकंड हैंड और चोरी किए हुए लगभग हर सामान सस्ती कीमतों पर उपलब्ध हो जाते हैं।

5. सेंट्रल चेन्नई का चोर बाजार

सेंट्रल चेन्नई का चोर बाजार भी काफी प्रसिद्ध है, यह चोर बाजार सेंट्रल चेन्नई के ऑटो नगर में लगता है जहां चोरी की गाड़ियों को मॉडिफाई कर उन्हें बिल्कुल नया और शानदार लुक दिया जाता है। कहा जाता है यहां के मैकेनिक गाड़ियों को मॉडिफाई करने में बेहद माहिर है। इस चोर बाजार में आपको लगभग सभी गाड़ियों के स्पेयर पार्ट्स, मॉडिफाई का सामान और मॉडिफाई की हुई गाड़ियां मिल जाएँगी। सेंट्रल चेन्नई का यह चोर बाजार चोरी की गाड़ियों को मॉडिफाई कर नया लुक देने का गढ़ माना जाता है।

हालांकि इस चोर बाजार पर पुलिस ने कई बार रेड भी मारी लेकिन फिर भी यह मार्केट सक्रिय है और नियमित रूप से हर दिन सुबह 9:00 बजे से शाम के 6:00 बजे तक खोला जाता है। इस चोर बाजार के बारे में कहा जाता है कि यहां जाने वाले को कभी अपनी गाड़ी इस बाजार के आसपास पार्क नहीं करनी चाहिए वरना हो सकता है वह अपनी ही गाड़ी के पार्ट्स इस बाजार में खरीदता पाया जाए।

Featured Image Source

“आखिर क्यों है भारत में खेलों की दुर्दशा”
“भारतीय बैंकों के बारे में रोचक जानकारियां”
“जानिए भारत को अंग्रेजी में इंडिया क्यों कहते है ?”

Add a comment