दांतों में सेंसिटिविटी क्यों होती है?

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आइये जानते हैं दांतों में सेंसिटिविटी क्यों होती है। हम दांतों का बहुत ख्याल रखते हैं लेकिन इसके बावजूद भी कई बार दांतों में सेंसिटिविटी की शिकायत होती है जिस कारण हमे कोई भी गर्म या ज्यादा ठंडी चीज़ खाने में तकलीफ होती है।

आंकड़ों की माने तो हर 10 में से 1 भारतीय दातों में सेंसिटिविटी का शिकार है और इस मामले में पुरुषों की तुलना में महिलाओं की संख्या करीब दुगनी है।

वैसे आपको बता दें की दांतों में सेंसिटिविटी की शुरुआत सांसों में बदबू, मसूड़ों से खून आना और स्वाद का बिगड़ने से होती है।

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आपको जानकर आश्चर्य होगा की दांतों की समस्या दिल से जुड़े रोग और यहां तक कि कैंसर के खतरे को भी बढ़ा सकती है। ऐसे में जब भी दांतों में कोई समस्या हो तो समय रहते चिकित्सक से सलाह जरूर लें।

लेकिन क्या आपने कभी ये सोचा है आखिर दांतों की सेंसिटिविटी के क्या कारण होते हैं और अगर ऐसी समस्या हो तो इसका इलाज क्या है? तो आइये हम आपको बताते हैं दांतों की सेंसिटिविटी के कारण और कैसे निजात पाएं इस समस्या से।

दांतों में सेंसिटिविटी का कारण

दरअसल हमारे दांतों का आंतरिक हिस्सा जिसे डेंटाइन कहा जाता है वो इनेमल की परत से ढका होता है। जब ये इनेमल की परत हमारे दांतों से उतरने लगती है तो हम कुछ भी खाते पीते हैं तो वो सीधे डेंटाइन तक पहुँचते हैं।

ऐसे में डेंटाइन खुल जाती है और ऐसे में गर्म और ठंडी चीज़ें खाने से हमारे दांत सेंसिटिव हो जाते हैं और इस कारण हमारे दांतों में झन्नाहट होने लगती है।

दांतों से इनेमल की परत हटने के कई हो सकते हैं जैसे मुंह की सफाई ठीक से ना होना, या ख़राब खानपान। इनके अलावा दांतों की सड़न और कैविटी के कारण भी इनेमल पर असर पड़ता है।

जिस कारण दांतों में सेंसिटिविटी की समस्या हो जाती है और इनके कारण दांत टूटने और मसूड़े में ढीलापन आने की शिकायत भी होने लगती है। इनके अलावा दांतों में किसी प्रकार का इन्फेंक्शन भी दांतों की सेंसिटिविटी का मुख्य कारण होता है।

सेंसिटिविटी होने पर क्या करना चाहिए

नर्म टूथब्रश और उपयुक्त टूथपेस्ट का इस्तेमाल करें – कई बार ज्यादा कड़क टूथब्रश और केमिकल युक्त टूथपेस्ट के इस्तेमाल से भी दांत और मसूड़ों को नुक्सान पहुँचता है ऐसे में अपने चिकित्सक की सलाह से अपने सेंसिटिव दांतों के लिए उपयुक्त टूथपेस्ट और नर्म टूथब्रश का इस्तेमाल करें।

ब्रश करने का तरीका बदलें – दांतों की सफाई के लिए दांतों को ज्यादा जोर से रगड़ना सही तरीका नहीं है बल्कि इससे दांतों की चमक जाती है और दांत और मसूड़े कमजोर होते हैं इसके लिए नरम टूथब्रश से आराम से और हल्के हाथों से ब्रश करें।

दांतों को पीसना बंद करें – कई लोगों की आदत होती है वो अक्सर अपने दांत पीसते रहते हैं लेकिन इससे दांतों से इनेमल की परत हटने लगती है और दांतों में सेंसिटिविटी की शिकायत होती है।

हालाँकि कई बार दांतों के पीसने की आदत किसी खास बीमारी की वजह से भी हो सकती है लेकिन इसके लिए अपने चिकित्सक से जांच कराएं।

एसिड वाली चीज़ें खाने पीने से बचें – अगर दांतों में सेंसिटिविटी है तो एसिड वाली चीज़ें जैसे रेड वाइन, सोडा, खट्टे फल और ज्यादा मीठे पेय पदार्थ ना लें। अगर आप कभी कोल्ड ड्रिंक पीना चाहें तो स्ट्रॉ का इस्तेमाल करें ताकि इसका एसिड दांतों में ना लगे।

गर्म पानी से कुल्ला करें – जब भी खाना खाएं तो उसके बाद करीब 15 से 20 मिनट तक गर्म पानी से कुल्ला करें।

डॉक्टर को दिखाएं – अगर दांतों में सेंसिटिविटी की समस्या है और किसी तरह से राहत नहीं मिल रही है तो दांतों के चिकित्सक को दिखाएं ताकि समय रहते इसका इलाज किया जा सके क्योंकि हो सकता है दांतों की सेंसिटिविटी का कारण कोई दूसरी गंभीर बीमारी हो।

उम्मीद है जागरूक पर दांतों में सेंसिटिविटी क्यों होती है कि ये जानकारी आपको पसंद आयी होगी और आपके लिए फायदेमंद भी साबित होगी।

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