मोतियाबिंद क्या है?

अगस्त 23, 2018

भारत में 60 साल या इससे ज्यादा उम्र के लगभग 74% लोग मोतियाबिंद से प्रभावित रहे हैं जिनमें महिलाओं की संख्या ज्यादा है। मोतियाबिंद में आँखों के लेंस में धुंधलापन आ जाता है जिससे देखने की क्षमता कम हो जाती है। ऐसे में ये जानना फायदेमंद हो सकता है कि मोतियाबिंद क्या होता है और कैसे होता है। तो चलिए, आज बात करते हैं मोतियाबिंद के बारे में–

जब आँखों में प्रोटीन के गुच्छे जमा हो जाते हैं जो लेंस को रेटिना को साफ और स्पष्ट चित्र भेजने से रोकते हैं तब मोतियाबिंद की समस्या हो जाती है। अक्सर मोतियाबिंद धीरे-धीरे बढ़ता है और कई बार एक या दोनों आँखों को प्रभावित करता है। इसके कारण रात में देखने में परेशानी होना, धुंधला दिखना, चमकदार रोशनी देखने में परेशानी होने जैसी समस्याएं होने लगती हैं।

मोतियाबिंद के लक्षण-

मोतियाबिंद होने के कारण – उम्र बढ़ने के साथ-साथ प्रोटीन के गुच्छे आँखों के लेंस में बनने लगते हैं और एक क्षेत्र में धुंधलापन पैदा करते हैं जो उम्र बढ़ने के साथ बढ़ता जाता है। मोतियाबिंद होने के कुछ कारण ये हो सकते हैं-

मोतियाबिंद को रोकने के उपाय – मोतियाबिंद को रोकने का कोई निश्चित और स्पष्ट तरीका अभी तक ज्ञात नहीं है लेकिन अपनी दिनचर्या में कुछ सुधार करके मोतियाबिंद होने के ख़तरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है जैसे-

दोस्तों, अब आप मोतियाबिंद होने के कारण और लक्षणों के बारे में जान चुके हैं। साथ ही मोतियाबिंद से बचाव के लिए क्या प्रयास किये जा सकते हैं, इससे भी परिचित हो गए हैं इसलिए अपनी आँखों के प्रति सजग बने रहें और देखने में किसी तरह की तकलीफ होने पर डॉक्टर से मिलें।

उम्मीद है कि ये जानकारी आपको पसंद आयी होगी और आपके लिए फायदेमंद भी साबित होगी।

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